April 24, 2026

रेत माफियाओं की दबंगई, पटवारी और पत्रकार पर किया जानलेवा हमला

0
download-6-1_copy_1280x790

छत्तीसगढ़- रेत माफियाओं की दबंगई लगातार बढ़ती जा रही है। पहले बलरामपुर में आरक्षक की हत्या कर दी थी। इसके बाद अब बालोद जिले में भी रेत माफियाओं की हिम्मत और हिंसा ने प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुरुर थाना क्षेत्र के ग्राम मरकाटोला में अवैध रेत भंडारण की जांच करने पहुंचे पटवारी और स्थानीय पत्रकार पर माफियाओं ने जानलेवा हमला कर दिया।

जानकारी के अनुसार, पटवारी को मरकाटोला गांव में अवैध रेत भंडारण की शिकायत मिली थी। वे मौके पर निरीक्षण के लिए पहुंचे थे, जहां एक पत्रकार भी कवरेज के लिए मौजूद थे। तभी रेत माफिया और उनके गुर्गों ने दोनों पर मिलकर हमला कर दिया। यह हमला पूर्व नियोजित और हिंसक था।

हमले की सूचना मिलते ही पुरुर पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए 8 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। हालांकि, मुख्य आरोपी अब भी फरार है। पुलिस की टीमें उसकी तलाश में जुटी हुई हैं और जल्द गिरफ्तारी का दावा कर रही हैं।

यह हमला ऐसे समय हुआ है जब बलरामपुर में अवैध रेत खनन रोकने के प्रयास में एक आरक्षक की ट्रैक्टर से कुचलकर हत्या कर दी गई। उस मामले में बीती रात चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। अब बालोद में पटवारी और पत्रकार पर हमला प्रशासन के सामने नई चुनौती के रूप में सामने आया है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि जिले के कई रेत घाटों में बिना अनुमति उत्खनन धड़ल्ले से चल रहा है और संबंधित विभागों की कार्रवाई सिर्फ कागजी खानापूर्ति तक सीमित है। यही कारण है कि रेत माफियाओं के हौसले बुलंद हैं और वे अब अधिकारियों व पत्रकारों पर भी हमला करने से नहीं डर रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *