मनेंद्रगढ़ में सरेंडर के बाद मुख्य आरोपी मनोज त्रिपाठी सहित 4 आरोपी सोनहत पहुंचे, देर रात मेडिकल जांच
छत्तीसगढ़ – कोरिया जिले के सोनहत क्षेत्र में भाजपा नेता एवं व्यवसायी भरत सिंह उर्फ लल्ला सिंह समेत तीन लोगों की निर्मम हत्या के बहुचर्चित मामले में पुलिस कार्रवाई लगातार तेज होती जा रही है। शनिवार को इस हत्याकांड के कथित मास्टरमाइंड मनोज त्रिपाठी सहित चार आरोपियों के सरेंडर करने के बाद देर रात उन्हें कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच सोनहत लाया गया। पुलिस की इस कार्रवाई को लेकर पूरे इलाके में भारी हलचल बनी रही।
जानकारी के अनुसार, मनेंद्रगढ़ में आत्मसमर्पण करने वाले मुख्य आरोपी मनोज त्रिपाठी और उसके तीन सहयोगियों को पहले थाना पटना में आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद सोनहत पुलिस अपने साथ लेकर रवाना हुई। देर रात लगभग 10:30 बजे पुलिस का काफिला आरोपियों को लेकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सोनहत पहुंचा, जहां सभी आरोपियों का मेडिकल परीक्षण कराया गया। अस्पताल परिसर और आसपास के क्षेत्र में सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए गए थे ताकि किसी भी प्रकार की अप्रिय स्थिति न बने।
मेडिकल जांच के दौरान पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी में सभी औपचारिकताएं पूरी की गईं। इसके बाद आरोपियों को सीधे सोनहत थाना ले जाया गया, जहां उनसे पूछताछ और अन्य कानूनी प्रक्रियाएं पूरी की गईं। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, मेडिकल परीक्षण और दस्तावेजी कार्रवाई के बाद आरोपियों को कोरिया जिले के बैकुंठपुर स्थित विशेष न्यायालय में पेश किया जाएगा। कोर्ट से न्यायिक रिमांड मिलने के बाद उन्हें जेल दाखिल करने की तैयारी की गई है।
इस सनसनीखेज हत्याकांड में अब तक कुल 9 आरोपियों के नाम सामने आए थे। इनमें से मुख्य आरोपी मनोज त्रिपाठी सहित चार आरोपियों ने शनिवार को सरेंडर किया, जबकि एक अन्य नामजद आरोपी गौरव त्रिपाठी को पुलिस ने अलग कार्रवाई करते हुए गिरफ्तार कर लिया। बताया जा रहा है कि गौरव त्रिपाठी को खड़गवां क्षेत्र से पकड़ा गया है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, गौरव त्रिपाठी का मेडिकल परीक्षण रविवार को कराया जाएगा। इसके बाद उसे भी बैकुंठपुर की विशेष अदालत में पेश किया जाएगा। इस तरह पुलिस अब इस चर्चित हत्याकांड में नामजद सभी आरोपियों को कानून के दायरे में लाने की दिशा में तेजी से काम कर रही है।
गौरतलब है कि सोनहत क्षेत्र के नौगई गांव में हुए इस तिहरे हत्याकांड ने पूरे प्रदेश को झकझोर कर रख दिया था। भाजपा नेता भरत सिंह उर्फ लल्ला सिंह और उनके साथियों की हत्या को लेकर राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर भारी आक्रोश देखने को मिला था। घटना के बाद से ही पुलिस पर आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी का दबाव था। कई दिनों तक चली तलाश और दबिश के बाद अब मुख्य आरोपी समेत अधिकांश आरोपी पुलिस की गिरफ्त में आ चुके हैं।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपियों से पूछताछ के दौरान हत्या की साजिश, घटना के पीछे की भूमिका और अन्य संभावित सहयोगियों के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी जुटाई जा रही है। जांच एजेंसियां इस बात की भी पड़ताल कर रही हैं कि वारदात की योजना किस स्तर पर बनाई गई और इसमें किन-किन लोगों की भूमिका रही।
मुख्य आरोपी मनोज त्रिपाठी के सरेंडर और अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद पुलिस अब मामले की चार्जशीट को मजबूत करने में जुट गई है। वहीं क्षेत्र के लोगों की नजरें अब अदालत की आगामी कार्रवाई पर टिकी हुई हैं। इस हत्याकांड में पुलिस की त्वरित कार्रवाई को बड़ी सफलता माना जा रहा है, लेकिन पूरे मामले का सच अदालत में पेश होने वाले साक्ष्यों और जांच रिपोर्ट के बाद ही पूरी तरह सामने आ सकेगा।

