March 6, 2026

तीन दिन बाद जिंदा लौटा बेटा,परिवार ने कर दिया था अंतिम संस्कार,पुलिस अब कर रही है लाश की पहचान

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छत्तीसगढ़ – सूरजपुर जिले से एक ऐसा अजीबोगरीब मामला सामने आया है जिसने पूरे इलाके को हैरत में डाल दिया। यहां एक युवक, जिसे परिवार ने मृत समझकर अंतिम संस्कार तक कर दिया था, तीन दिन बाद जिंदा अपने घर लौट आया। यह दृश्य देखकर घरवालों और पूरे गांव के लोग स्तब्ध रह गए।

दरअसल, बीते शनिवार को मानपुर क्षेत्र की सीमा के पास एक अज्ञात युवक की लाश मिली थी। पुलिस ने आसपास के इलाकों में उसकी पहचान के लिए सूचना भेजी। इसी दौरान चंद्रपुर के रहने वाले एक परिवार ने उस शव को अपने बेटे पुरुषोत्तम के रूप में पहचान लिया।

पुलिस ने मर्ग कायम कर शव को परिजनों के सुपुर्द कर दिया, जिसके बाद परिवार ने पुलिस की मौजूदगी में शव का अंतिम संस्कार किया। रविवार को पूरे गांव में शोक का माहौल था और रिश्तेदारों के बीच दुख की लहर फैल गई थी। परिजन रीति-रिवाज से कर्मकांड कर चुके थे कि तभी मंगलवार को कुछ ऐसा हुआ जिसने सबको झकझोर दिया।

तीन दिन बाद जिंदा लौटा बेटा, गांव में मचा हड़कंप

मंगलवार की सुबह अचानक वही युवक, पुरुषोत्तम, जिंदा अपने घर के आंगन में आ पहुंचा। उसे देखकर परिजन पहले तो कुछ पल के लिए अवाक रह गए, फिर खुशी से झूम उठे। पूरा गांव इस चमत्कारी दृश्य को देखने जुट गया।

पुरुषोत्तम ने बताया कि वह बिना बताए अंबिकापुर अपने रिश्तेदारों के घर चला गया था। वहीं जब रिश्तेदारों को उसके ‘मृत्यु’ की खबर मिली, तो उन्होंने तुरंत उसे घर लौटने को कहा। इसके बाद वह सीधा सूरजपुर लौट आया।

अब इस घटना ने पुलिस के लिए एक नई पहेली खड़ी कर दी है- आखिर वह लाश किसकी थी, जिसे पुरुषोत्तम समझकर दफनाया गया? पुलिस ने बताया कि मृतक के कपड़े और अन्य सामान सुरक्षित रखे गए हैं, जिनके आधार पर फिर से पहचान की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। जरूरत पड़ने पर कब्र से शव निकालकर DNA जांच कराई जाएगी ताकि वास्तविक पहचान का खुलासा हो सके।

गांव में चर्चा का विषय बनी घटना

पूरा सूरजपुर क्षेत्र इस चौंकाने वाली घटना की चर्चा कर रहा है। जहां एक ओर परिवार खुश है कि उनका बेटा जीवित है, वहीं गांव के लोग इस रहस्यमयी मामले से अचंभित हैं। यह घटना अब स्थानीय प्रशासन और पुलिस के लिए जांच का बड़ा विषय बन गई है।

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