मानसून सत्र से पहले कांग्रेस विधायक दल की बैठक: बिजली बिल, आदिवासी हक, फर्जी धान खरीदी जैसे मुद्दों पर आक्रामक होगी कांग्रेस
छत्तीसगढ़- विधानसभा मानसून सत्र से पहले कांग्रेस विधायक दल ने रायपुर स्थित राजीव भवन में बड़ी बैठक की। इस बैठक की अध्यक्षता नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने की। बैठक खत्म होने के बाद उन्होंने प्रेस वार्ता कर साफ किया कि इस बार कांग्रेस पूरी तैयारी के साथ सत्र में उतरेगी और जनता से जुड़े तमाम गंभीर मुद्दों को पुरजोर तरीके से उठाएगी।
डॉ. चरणदास महंत ने कहा कि मौजूदा बीजेपी सरकार के खिलाफ मुद्दों की कमी नहीं है, लेकिन मानसून सत्र की अवधि बहुत कम रखी गई है।इसके बावजूद कांग्रेस विधायकों ने तय किया है कि जितना भी वक्त मिलेगा, उसमें बिजली बिलों में बढ़ोतरी प्रदेश में सुरक्षा के बिगड़ते हालात और आदिवासियों के अधिकार जैसे जरूरी सवाल सदन में उठाए जाएंगे।
कांग्रेस विधायक दल ने फर्जी धान खरीदी घोटाले को भी बड़ा मुद्दा बनाने का फैसला किया है। महंत ने कहा कि फर्जी धान खरीदी के चलते प्रदेश को करोड़ों का नुकसान हुआ है, और इसमें जिम्मेदार अधिकारियों और सरकार की जवाबदेही तय करनी ही होगी।
महंत ने कहा कि मानसून सत्र सिर्फ पांच दिन का रखा गया है, जो बेहद कम है। उन्होंने कहा कि सत्र को लंबा किया जाना चाहिए ताकि जनता के सवालों पर पर्याप्त चर्चा हो सके। महंत ने कहा कि कांग्रेस विधायक दल पूरी मजबूती से विपक्ष का रोल निभाते हुए सरकार को कठघरे में खड़ा करेगा।
बैठक में सभी विधायकों ने अपने-अपने क्षेत्र के मुद्दों को भी रखा। तय हुआ कि बिजली बिल में बढ़ोतरी, किसान और मजदूरों से जुड़े सवाल, बेरोजगारी, महिला सुरक्षा और भ्रष्टाचार जैसे तमाम विषयों पर विधानसभा के अंदर जोरदार बहस होगी। चरणदास महंत ने कहा कि कांग्रेस सड़क से सदन तक जनता की आवाज बनेगी।
बता दें कि छत्तीसगढ़ विधानसभा का मानसून सत्र 14 जुलाई से शुरू होकर 18 जुलाई तक चलेगा। इस दौरान कुल पांच बैठकें होंगी, जिनमें सरकार के कामकाज और विपक्ष के सवालों पर जोरदार बहस देखने को मिल सकती है।

