रायपुर में “डायल-112 फेस-2 नेक्स्ट जनरेशन” सेवा लॉन्च,गृह मंत्री विजय शर्मा ने 54 अत्याधुनिक इमरजेंसी वाहनों को दिखाई हरी झंडी
रायपुर – राजधानी रायपुर में नागरिक सुरक्षा और आपातकालीन सेवाओं को और अधिक आधुनिक, तेज और तकनीक आधारित बनाने की दिशा में आज एक बड़ा कदम उठाया गया। रायपुर पुलिस कमिश्नरेट द्वारा “डायल-112 फेस-2 नेक्स्ट जनरेशन” सेवा का भव्य शुभारंभ किया गया। रायपुर पुलिस परेड ग्राउंड में आयोजित इस कार्यक्रम में प्रदेश के उपमुख्यमंत्री एवं गृह मंत्री Vijay Sharma ने 54 अत्याधुनिक इमरजेंसी रिस्पॉन्स वाहनों (ERV) को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
इस नई सेवा के शुरू होने के साथ अब छत्तीसगढ़ के सभी 33 जिलों में डायल-112 सेवा का विस्तार हो गया है। पहले यह सेवा केवल 16 जिलों तक सीमित थी। सरकार का दावा है कि नई तकनीक और आधुनिक संसाधनों के जरिए अब पुलिस का रिस्पॉन्स टाइम 10 मिनट से कम किया जाएगा, जिससे नागरिकों को संकट की घड़ी में तुरंत सहायता मिल सकेगी।

कार्यक्रम में रायपुर पश्चिम विधायक Rajesh Munat, रायपुर उत्तर विधायक Purandar Mishra, जिला पंचायत अध्यक्ष नवीन अग्रवाल, महापौर मीनल चौबे, रायपुर पुलिस कमिश्नर डॉ. संजीव शुक्ला, अतिरिक्त पुलिस कमिश्नर अमित कांबले, कलेक्टर गौरव कुमार और ग्रामीण पुलिस अधीक्षक श्वेता सिन्हा सहित कई वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक राजेश मूणत ने कहा कि छत्तीसगढ़ तेजी से सुरक्षित और नक्सल मुक्त राज्य की दिशा में आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि डायल-112 का नेक्स्ट जनरेशन मॉडल प्रदेश की कानून व्यवस्था और आपातकालीन सेवाओं को और मजबूत बनाएगा। वहीं गृह मंत्री विजय शर्मा ने कहा कि राज्य सरकार नागरिक सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है और इसी सोच के तहत डायल-112 सेवा का विस्तार पूरे प्रदेश में किया गया है।

गृह मंत्री ने बताया कि रायपुर कमिश्नरेट क्षेत्र के लिए 33 इमरजेंसी रिस्पॉन्स वाहन और ग्रामीण क्षेत्रों के लिए 21 वाहन उपलब्ध कराए गए हैं। इसके अलावा राष्ट्रीय और राज्य राजमार्गों पर त्वरित सहायता के लिए 4 विशेष हाईवे पेट्रोलिंग वाहनों की भी तैनाती की गई है। इन सभी वाहनों में आधुनिक जीपीएस सिस्टम, स्मार्ट कंट्रोल एवं मॉनिटरिंग सिस्टम, कॉल रिकॉर्डिंग, डिजिटल कम्युनिकेशन और रियल टाइम ट्रैकिंग जैसी हाईटेक सुविधाएं मौजूद हैं।
सरकार के मुताबिक नई व्यवस्था में जैसे ही कोई नागरिक डायल-112 पर कॉल करेगा, कंट्रोल रूम को तुरंत लोकेशन और घटना की जानकारी मिल जाएगी। इसके बाद सबसे नजदीकी ERV को अलर्ट भेजा जाएगा, जिससे मौके पर तेजी से सहायता पहुंच सकेगी। इससे अपराध नियंत्रण, सड़क दुर्घटना, मेडिकल इमरजेंसी, आगजनी और महिला सुरक्षा से जुड़े मामलों में काफी तेजी आने की उम्मीद जताई जा रही है।
डायल-112 सेवा को “एक नंबर – सबकी मदद” यानी “एक्के नंबर, सब्बो बर” की अवधारणा पर तैयार किया गया है। इसके तहत अब लोगों को अलग-अलग सेवाओं के लिए अलग नंबर याद रखने की जरूरत नहीं होगी। केवल 112 डायल कर पुलिस सहायता, फायर ब्रिगेड, मेडिकल इमरजेंसी, महिला हेल्पलाइन 1091, चाइल्ड हेल्पलाइन 1098, आपदा प्रबंधन और हाईवे इमरजेंसी जैसी सभी सेवाओं का लाभ लिया जा सकेगा।
रायपुर पुलिस कमिश्नरेट ने आम नागरिकों से अपील की है कि किसी भी आकस्मिक या संकट की स्थिति में बिना किसी संकोच के डायल-112 सेवा का उपयोग करें। पुलिस प्रशासन ने भरोसा दिलाया है कि नागरिकों की सुरक्षा और सहायता के लिए पुलिस चौबीसों घंटे तत्पर और प्रतिबद्ध है।
नई डायल-112 फेस-2 सेवा को प्रदेश में स्मार्ट पुलिसिंग और डिजिटल सुरक्षा व्यवस्था की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है। इससे न केवल आपातकालीन सेवाओं की गुणवत्ता बढ़ेगी बल्कि आम लोगों का पुलिस पर भरोसा भी और मजबूत होगा।

