Exclusive : दुलना एनीकेट पर मौत का साया!महानदी में माफिया राज — अवैध रेत खनन और ओवरलोड हाइवा से जल आपूर्ति पर सीधा हमला, जल संसाधन विभाग गहरी नींद में!
रिपोर्ट – बिप्लव दत्ता
गोबरा नवापारा – महानदी अब जीवनदायिनी नहीं, बल्कि रेत माफियाओं की लूट का मैदान बनती जा रही है। गोबरा नवापारा क्षेत्र में खुलेआम चल रहे अवैध रेत खनन ने दुलना एनीकेट को तबाही के मुहाने पर ला खड़ा किया है। यही एनीकेट गोबरा नवापारा और अभनपुर नगर पालिका की जल आपूर्ति का एकमात्र मजबूत आधार है।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि सुखी एनीकेट क्षेत्र में रेत माफिया बेखौफ होकर दिन-रात खनन कर रहे हैं। हालात इतने बदतर हैं कि एनीकेट के ऊपर से ओवरलोडेड हाइवा धड़ल्ले से दौड़ रहे हैं। भारी वाहनों के लगातार दबाव से एनीकेट की संरचना कमजोर होती जा रही है, लेकिन जिम्मेदार विभाग आंखों पर पट्टी बांधे बैठा है।
अगर एनीकेट ढहा, तो जिम्मेदार कौन?
विशेषज्ञों का साफ कहना है कि यदि यह सिलसिला नहीं रुका तो एनीकेट का क्षतिग्रस्त होना तय है। इसका सीधा असर हजारों लोगों की पीने के पानी की आपूर्ति पर पड़ेगा। सवाल यह है कि जल संसाधन विभाग के केयरटेकर और अधिकारी आखिर कर क्या रहे हैं?
माफियाओं का खुला संरक्षण चल रहा
यह पहला मामला नहीं है। महानदी में पहले भी पनडुब्बी जैसी हाईटेक मशीनों से अवैध खनन के खुलासे हो चुके हैं। गोबरा नवापारा क्षेत्र में कई बार ओवरलोड हाइवा जब्त किए गए, लेकिन कार्रवाई सिर्फ कागजों तक सीमित रही। माफियाओं का हौसला लगातार बढ़ता जा रहा है।
यह सिर्फ रेत चोरी नहीं, सरकारी संपत्ति, पर्यावरण और आम जनता के भविष्य पर सीधा हमला है।
प्रशासन किसी बड़े हादसे का इंतजार कर रहा है
दुलना एनीकेट पर भारी वाहनों की आवाजाही तुरंत बंद की जाए।महानदी में अवैध रेत खनन पर पूर्ण प्रतिबंध लगे। दोषी माफिया, अधिकारियों और संरक्षण देने वालों पर कठोर कार्रवाई हो
समय रहते नहीं जागा प्रशासन, तो दुलना एनीकेट भी माफिया राज की भेंट चढ़ जाएगा — और तब जल संकट के लिए सिर्फ सिस्टम ही जिम्मेदार होगा!

