March 8, 2026

करोड़ो का धान का नुकसान, विपक्ष चूहा जाली लेकर पहुँचे विपणन अधिकारी कार्यालय

0
Illustrative-image-6-780x470

कवर्धा – समर्थन मूल्य पर खरीदे गए धान के भंडारण में बड़ा चौंकाने वाला मामला सामने आया है। जिले के दो प्रमुख संग्रहण केंद्रों से करीब 26 हजार क्विंटल धान के नुकसान का आकलन किया गया है, जिसकी अनुमानित कीमत लगभग 7 करोड़ रुपये बताई जा रही है। इस मामले ने प्रशासनिक लापरवाही और संभावित घोटाले को लेकर नई बहस छेड़ दी है।

मामले को लेकर कांग्रेस ने अनोखा प्रदर्शन किया। पार्टी कार्यकर्ता चूहा जाली लेकर जिला विपणन अधिकारी कार्यालय पहुंचे और प्रतीकात्मक रूप से जाली भेंट कर प्रशासन पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया। कांग्रेस ने इस पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच और जिम्मेदार अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।

विपणन विभाग का कहना है कि यह नुकसान मौसम की मार, चूहों, दीमक और कीट-पतंगों के कारण हुआ है। हालांकि, प्रारंभिक जांच में कई गंभीर अनियमितताओं के संकेत भी मिले हैं। बताया गया है कि वर्ष 2024-25 में समर्थन मूल्य पर खरीदे गए धान का भंडारण चारभाठा और बघर्रा संग्रहण केंद्रों में किया गया था, जहां मिलान के दौरान बड़ी मात्रा में धान कम पाया गया।

जांच में सामने आया है कि सबसे अधिक गड़बड़ी बाजार चारभाठा संग्रहण केंद्र में हुई, जहां से करीब 22 हजार क्विंटल धान की कमी दर्ज की गई। आरोप है कि यहां धान की फर्जी आवा-जाही, डैमेज धान के फर्जी बिल, मजदूरों की फर्जी हाजिरी और सीसीटीवी से छेड़छाड़ जैसे गंभीर कृत्य किए गए। अनुमान है कि इस केंद्र से ही करीब 5 करोड़ रुपये की हेराफेरी हुई है।

जिला विपणन अधिकारी अभिषेक मिश्रा ने बताया कि चारभाठा संग्रहण केंद्र के प्रभारी प्रीतेश पांडेय को हटा दिया गया है। वहीं सहायक जिला खाद्य अधिकारी मदन साहू ने कहा कि शिकायत गंभीर है, प्रारंभिक जांच में कई आरोप सही पाए गए हैं और विस्तृत जांच के लिए टीम गठित कर दी गई है। अंतिम रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may have missed