March 8, 2026

“छत्तीसगढ़ हाउसिंग बोर्ड की कॉलोनियों को रेसिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन के माध्यम से संधारण की दिशा में बड़ा निर्णय”

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रायपुर – छत्तीसगढ़ हाउसिंग बोर्ड मुख्यालय में आयुक्त अवनीश कुमार शरण की अध्यक्षता में हाउसिंग बोर्ड के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ आज एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में हाउसिंग बोर्ड द्वारा निर्मित एवं वर्तमान में बोर्ड द्वारा रख-रखाव की जा रही उन सभी कॉलोनियों की स्थिति पर विस्तृत चर्चा की गई, जिनका अब तक नगर निगम अथवा संबंधित स्थानीय निकायों को हस्तांतरण नहीं हुआ है।
बैठक में आयुक्त ने निर्देश दिए कि ऐसी सभी कॉलोनियों में रेसिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (Resident Welfare Association – RWA) का गठन अनिवार्य रूप से किया जाए। उन्होंने कहा कि कॉलोनीवासियों की सक्रिय भागीदारी से कॉलोनियों का बेहतर प्रबंधन, रख-रखाव एवं विकास सुनिश्चित किया जा सकेगा।

इस संबंध में यह भी निर्देशित किया गया कि जिन कॉलोनियों में रेसिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन का गठन किया जाना है, वहां के संबंधित उपायुक्त एवं कार्यपालन अभियंता कॉलोनी के रहवासियों के साथ बैठक एवं चर्चा आयोजित करें तथा उन्हें रेसिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन के गठन हेतु प्रोत्साहित एवं मार्गदर्शन प्रदान करें, ताकि निर्धारित समय-सीमा के भीतर एसोसिएशन का गठन किया जा सके।

बैठक में यह स्पष्ट किया गया कि छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मण्डल अधिनियम एवं छत्तीसगढ़ रियल एस्टेट रेगुलेटरी अथॉरिटी (RERA) के प्रावधानों के अंतर्गत परियोजना के निर्माण पूर्ण होने के पश्चात निश्चित समयावधि के भीतर कॉलोनी के रख-रखाव एवं संधारण हेतु कॉलोनी रेसिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (Resident Welfare Association – RWA) के गठन के संबंध में स्पष्ट निर्देश जारी किए गए हैं।
कॉलोनी के रहवासियों को बेहतर नागरिक सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें तथा उनकी समस्याओं का त्वरित एवं प्रभावी निराकरण सुनिश्चित हो सके, इसके लिए उन सभी कॉलोनियों में, जिनका वर्तमान में रख-रखाव छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मण्डल द्वारा किया जा रहा है, प्रथम चरण में रेसिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन का गठन कर संधारण किया जाए।
बैठक में यह निर्णय लिया गया कि रेसिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन के गठन के पश्चात ऐसी सभी कॉलोनियों का चरणबद्ध रूप से हस्तांतरण 31 मार्च 2026 तक हाउसिंग बोर्ड की कुल 32 कालोनियों को हैण्डओवर किया जाएगा। अधिकारियों को निर्देश दिए कि हस्तांतरण की प्रक्रिया पारदर्शी, सुव्यवस्थित एवं समयबद्ध ढंग से पूर्ण की जाए।
हाउसिंग बोर्ड का यह निर्णय कॉलोनीवासियों के दीर्घकालिक हित में है। इससे कालोनी के निवासियों को अपनी कॉलोनी के संचालन एवं विकास में भागीदारी मिलेगी।
छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल का यह कदम नागरिक सहभागिता को प्रोत्साहित करने एवं शहरी आवासीय क्षेत्रों के सुदृढ़ प्रबंधन की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।

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